PM Viksit Bharat Rozgar Yojana | प्रधानमंत्री विकशित भारत रोजगार योजना

PM Viksit Bharat Rozgar Yojana | प्रधानमंत्री विकशित भारत रोजगार योजना

नमस्कार दोस्तों मेरा नाम जितेन्द्र सेन है और आज में आपको प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (PM-VBRY) के बारे में बताऊंगा , प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसका मकसद देश में औपचारिक (formal) नौकरियों को आगे बढ़ावा और 2047 तक “विकसित भारत” के लक्ष्य को हासिल करना है। यह योजना 1 अगस्त 2025 से लागू की गई है और भारत सरकार ने इसके तहत जुलाई 2027 तक लगभग 3.5 करोड़ युवाओं के लिए नए रोजगार के अवसर तैयार करने का लक्ष्य रखा है।

1. भाग ‘A’ – पहली बार नौकरी पाने वालों के लिए

इस भाग में हम जानेंगे की प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना से आपको क्या क्या लाभ मिलने बाले है और कब कब मिलने बाले हैं

प्रोत्साहन राशि: इस योजना में पात्र कर्मचारियों को ₹15,000 तक की एकमुश्त सहायता दी जाती है।

भुगतान का तरीका: यह राशि दो किस्तों में दी जाती है और सीधे कर्मचारी के बैंक खाते (DBT) में भेजी जाती है।

पहली किस्त: पहली किश्त आपको एक ही संस्थान में 6 महीने की निरंतर सेवा पूरी करने पर दी जाती है

दूसरी किस्त: दूसरी किश्त आपको 12 महीने पूरे होने और एक अनिवार्य ‘वित्तीय साक्षरता’ कार्यक्रम पूरा करने के बाद आपको दी जाती है ।

पात्रता: इस योजना में पात्र व्यक्ति वह होगा जिसकी मासिक वेतन ₹1 लाख तक है या इससे कम है और जिन्होंने पहली बार EPFO में पंजीकरण करवाया है ।

2. भाग ‘B’ – नियोक्ताओं के लिए सहायता

इस भाग में हम जानेंगे की प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना में आपको कितना लाभ मिलता है और कब तक मिलता है

  • वित्तीय लाभ: नियोक्ताओं को प्रत्येक नए कर्मचारी पर ₹3,000 प्रति माह तक का प्रोत्साहन राशी मिलता है।
  • अवधि:
    • सभी सामान्य क्षेत्रों के लिए यह लाभ लगभग 2 वर्ष तक दिया जाता है।
    • विनिर्माण (Manufacturing) क्षेत्र के प्रतिष्ठानों के लिए यह लाभ लगभग 4 वर्ष तक मिलता है

महत्वपूर्ण विवरण और आवेदन प्रक्रिया

  • आधिकारिक पोर्टल: प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना में पंजीकरण करने के लिए आपको PM-VBRY आधिकारिक पोर्टल  पर जाना होगा। वहां पर आपको इस योजना से जुडी सारी जानकारी भी मिल जायेगी और आप सीधे बहा से आवेदन भी कर सकते हैं
  • आवश्यकताएँ: इस योजना से लाभ पाने के लिए कर्मचारी का बैंक खाता आधार से लिंक (DBT सक्षम) होना जरुरी है और नियोक्ता को EPFO पोर्टल के माध्यम से पंजीकरण करना अनिवार्य है।
  • बजट: इस पूरी योजना के लिए सरकार ने लगभग ₹1 लाख करोड़ का बजट आवंटित किया है।

1. पंजीकरण प्रक्रिया (Registration Process)

नियोक्ताओं रोजगार प्रदान करने बालों के लिए (Employers) के लिए:

  • आधिकारिक पोर्टल: नियोक्ताओं को EPFO के आधिकारिक नियोक्ता पोर्टल पर अपने मौजूदा क्रेडेंशियल्स का उपयोग करके लॉग इन करना होगा।
  • PMVBRY टैब: लॉग इन करने के बाद, होम पेज पर ‘PMVBRY’ टैब पर जाएं और ‘Part B Registration’ चुनें।
  • विवरण भरना: आपको अपने संस्थान का PAN, GSTIN और PAN से लिंक बैंक खाता नंबर दर्ज करना होगा।
  • सत्यापन और ई-साइन: सभी जानकारी भरने के बाद, ‘अंडरटेकिंग’ (वचन पत्र) स्वीकार करें और e-Sign या Digital Signature Certificate (DSC) के माध्यम से पंजीकरण पूरा करें।
  • नोट: जिन संस्थानों ने पहले से ही EPFO में पंजीकृत करवाया हैं, उन्हें नए पंजीकरण की जरूरत नहीं है, केवल पोर्टल पर अपना जानकारी अपडेट करना होगा

आवश्यक दस्तावेजों की सूची (Required Documents)

प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना में पंजीकरण के समय निम्नलिखित दस्तावेजों और जानकारी की आवश्यकता होती है:

कर्मचारियों के लिए:

  • आधार कार्ड: आपका कार्ड आपके मोबाइल नंबर से लिंक होना चाहिए।
  • PAN कार्ड: आपकी पहचान और टैक्स संबंधी जानकारी पाने के लिए PAN कार्ड होना जरुरी है ।
  • बैंक खाता विवरण: आधार से लिंक (Direct Benefit Transfer के लिए)।
  • UAN नंबर: नियोक्ता द्वारा जनरेट किया गया या खुद फेस ऑथेंटिकेशन से बनाया गया UAN नंबर आपके पास होना जरुरी है ।

नियोक्ताओं (संस्थानों) के लिए:

  • संस्थान का PAN कार्ड: जो रोजगार देने बाले हैं उनका PAN कार्ड बैंक खाते से लिंक होना चाहिए।
  • GST पंजीकरण संख्या (GSTIN): यदि आपके पास gst नुम्बर है तो उसकी भी जरुरत पढ़ सकती है|
  • बैंक खाता और IFSC कोड: संस्थान का ifsc कोड और बैंक खाता संस्थान के PAN से लिंक होना चाहिए ।
  • डिजिटल हस्ताक्षर (DSC): ऑनलाइन फॉर्म को प्रमाणित करने के लिए।
  • संपर्क विवरण: जो भी व्यक्ति इस योजना का लाभ लेना चाहता है उसके पास मोबाइल नंबर और ईमेल आई होना चाहिए

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